UGC क्या काम करता है? UGC क्या है?-UGC MEANING

लेखक:मोनू शर्मा राय

UGC क्या काम करता है? क्या आपको पता है| सायद आपमे से बहुत से लोगो को नहीं पता होगा| UGC की है? UGC MEANING ये सारे सवालो के जवाब आपको इस पोस्ट में मिलेंगे|

विस्व विध्यालय अनुदान आयोग यह एक एसा संगठन है जो भारत सरकार द्वारा अनुदान प्रदान कराता है हमारे देश के सारे विश्व विद्यालय को|

इस पोस्ट में आगे UGC से जूरी हर एक जानकारी से हम आपको अवगत कराएंगे ताकि हमारे पाठको को UGC से जूरी सारी जानकारी मिले सही सही मिल सके|

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UGC क्या है?

विश्व विद्यालय अनुदान आयोग से जूरी साड़ी जानकारी जानने से पहले आपको यह जानना जरुरी है की UGC क्या है?

यह एक प्रकार का संगठन है जो भारत सरकार के अंतर्गत कार्य करता है जिसकी शुरुवात 1956 में आजादी के बाद किया गया था|

इसका मुख्य कार्यालय नई दिल्ली बनाई गई जो भारत में स्थित तत्कालीन विश्व विद्यालयो की देख रेख करने का जिम्मा इसी संगठन के हाथ में था|

हलाकि शुरुवाती तौर में कुछ गिन छीने की कॉलेज भारत में स्थित थे अतः यह काम आसान था लेकिन धीरे धीरे इस संगठन का कार्य बढ़ता चला गया| आगे हम पढेंगे की विस्वविध्यालय अनुदान आयोग किस प्रकार कार्य कर्ता है|

UGC क्या काम करता है? UGC क्या है?-UGC MEANING

UGC क्या काम करता है?

विश्व विद्यालय अनुदान आयोग का काम होता है भारत में स्थित सभी प्रकार के कॉलेज को अनुमति प्रदान करना की वह कॉलेज पढ़ाने योग्य है की नहीं|

1957 के बाद लगभग सारे विश्व विद्यालय इसके अन्दर संगठित हो गए| स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात् भारत सरकार को लगा की शिक्षा ही एकमात्र एसा हाकल है जो भारत को नई उंचाइयो तक पंहुचा सकता है|

यह संगठन मुख्य रूप से भारत में व्याप्त सारे कॉलेज को जरुरत के समय आर्थिक मदद प्रदान कराता है| एवं सभी विश्व विद्यालयो के रख रखाव की जिम्मेदारी इन्ही के अन्दर होती है|

विश्व विद्यालय अनुदान संगठन देश के शिक्षा में महत्वपूर्ण योगदान देते है| युः संगठन सुनिश्चित करता है की देश में व्याप्त उच्च शिक्षण संस्थाए एक सामान पद्धति को मध्य नजर रखते हुए पढाई को जरी रखे|

हर कोलेजो में समान सिलेबस हो ताकि हर क्षात्र जब PASSOUT हो तो उन्हें UGC प्रमाणित होने के कारन किसी भी प्रकार की दुविधा न उठानी परे जैसे नौकरी के लिए आवेदन इत्यादि दुबिधा|

देश में सभी कोलेजो के सिक्षको की नियुक्ति इसी संगठन के अंतर्गत की जाती है तकि सभी विश्व विद्यालय में शिक्षक उपस्थिति समान प्रकार से की जा सके|

यही कारन है की किसी भी लेक्चरार की नियुक्ति से पहले USG की अनुमति आवश्यक है|

UGC का फुल फॉर्म क्या होता है/ WHAT IS THE FULL FORM OF UGC:

UGC को हिंदी में विश्व विद्यालय अनुदान संगठन के नाम से जानते है जबकि अंग्रेजी में इसे UNIVERCITY GRANT COMMISION(UGC) बोला जाता है|

BRANCHES of UGC/ UGC की कितनी शाखाए है:

सर्व प्रथम इसकी शुरुवात आजादी के बाद 1947 में हुई थी| उस समय कुछ गिने चुने UNIVERCITY हुआ करते थे| उनमे से अलीगढ, बनारस और दिल्ली UNIVERCITY के लिए ही इसका गठन किया गया था बाद में भारत के सभी विश्व विद्यालय के लिए इसे अनिवार्य कर दिया गया|

और UGC एक बरी संगठन देखते ही देखते ही बन गया | 1957 के बाद एकमात्र ugc को ही पुरे भारत में कॉलेज की ग्रांट की अनुमति देने को कहा गया| अर्थात जो भी छात्र UGC प्रमाणित कॉलेज से उत्रिन(PASSOUT) होंगे उन्हें पूरी तरह से valid समझा जाएगा|

हालाँकि शुरुवाती दिनों में UNIVERCITY GRANT COMMISION का HEADQUARTER नई दिल्ली में स्थापित किया गया था जो अब तक बार्कर है|

लेकीन धीरे धीरे जैसे जैसे विश्व विद्यालय अनुदान संगठन का काम बढ़ता गया उनकी उपशाखाए भी बढती चली गई| आज प्राय देश के जितने भी बरे शहर है उन सभी जगहों पर इस संगठन की शाखाए खुल रही है|

आज कलकत्ता,गुवाहाटी,पुने,भोपाल,हैदराबाद,बेंगलुरु अदि जैसे बरे शहरो में इसकी शाखाए उपलब्ध है ताकि उस क्षेत्र के कामो के लिए उन्हें दिल्ली बार बार न आना परे|

अध्यक्ष कौन है UNIVERCITY GRANT COMMISION के:

UNIVERCITY GRANT COMMISION का अध्यक्ष D.P SINGH है एवं इक हेड ऑफिस नई दिल्ली में स्थित है|

UGC किन किन परीक्षाओ का अनुदान कराती है:

विश्व विधयालय अनुदान संगठन कालेजो की देख रेख करने के अलावा देश के कई कठिन परीक्षाओ को अनुदान भी कराती है इनमे से सबसे पहला स्थान NET का आता है और PHD भी इन्ही की देख रेख में परीक्षा कराई जाती है|

UGC NET(NATIONAL ELIGIBITY TEST) परीक्षा का आयोजन करता है| यह एक डिग्री एवं योग्यता का नाम है | जो भी व्यक्ति ग्रेजुएट अथवा पोस्ट ग्रेजुएट होकर प्रोफ़ेसर या लेक्चरर की नौकरी करना चाहते है उन्हें NET की परीक्षा को पास करना परता है|

अतः पास होने के पश्चात UGC द्वारा चयनित व्यक्ति को महाविद्यालयों में प्रोफ़ेसर टीचर की नियुक्ति कराई जाती है|

हम आपको बता दे पीएचडी भी इसी संगठन की देख रेख में की जाती है| जिससे पूरा करने के बाद व्यक्ति को डोक्टर की उपाधि हासिल होती है|

HISTORY OF UGC:

विश्व विद्यालय अनुदान संगठन एक महत्वपूर्ण संगठन के रूप में उभरा है जो देश के शिक्षा के रीड जी हड्डी की तरह है लेकिन बहुत लोगो को इसके इतिहास के बारे में नहीं पता होगा जो आज हम अपने पाठको को अवगत कराएंगे|

विश्व विद्यालय अनुदान संगठन को पहली बार अमल में लाने के लिए 1944 के सार्जेंट रिपोर्ट में लिखा गया था यह शैक्षिक विकास के लिए केन्द्रीय बोर्ड ऑफ़ एजुकेशन की रिपोर्ट थी|

तत्पश्चात एक कमिटी का गठन 1945 में किया गया जिसका कार्य था अलीगढ,दिल्ली,एवं बनार्ष विश्व विद्यालय की देख रेख करना| सन्न 1948 में इस कमिटी को देश के सभी विश्व विद्यालय की देख रेख करने की बात कही गई|

1948 में विश्व विद्यालय शिक्षण आयोग की स्थापना की गई जिसके अधक्ष डॉ सर्वपल्ली राधाकृष्णन को बनाया गया| उस आयोग ने यह घोषणा किया की मौजूदा विश्व विद्यालय शिक्षण आयोग को बदल कर विश्व विद्यालय अनुदान संगठन बनाया जाए|

और इस प्रकार UGC(UNIVERCITY GRANT COMMISION) की स्थापना की गई,और 28 दिसंबर 1953 को मौलाना अबुल कलाम आजाद(पूर्व शिक्षा मंत्री) ने विश्व विद्यालय अनुदान आयोग का गठन किया|

CONCLUSION(निष्कर्ष):

तो यह थी हमारी पोस्ट जिसमे हमने UGC क्या है? UGC क्या काम करती है? UGC MEANING 2021 के बारे मे सारी जानकारी आप सबके साथ साझा की है ताकि हम्मरे पाठको को किसी दुसरे आर्टिकल में जाने की जरुरत न हो|

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धन्यवाद..

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